
*बेमेतरा। छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में गौवंशों की मौत के मुद्दे पर हुए विवादास्पद प्रदर्शन में कांग्रेस नेताओं ने खाद्य मंत्री दयालदास बघेल को मृत बताकर प्रतीकात्मक शव यात्रा निकाली। इस घटना को लेकर पुलिस ने कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव समेत 17 नेताओं-कार्यकर्ताओं के खिलाफ FIR दर्ज कर ली है।
9 मई 2026 को नवागढ़ विधानसभा क्षेत्र के ग्राम झिरिया में जिला युवा कांग्रेस द्वारा आयोजित प्रदर्शन के दौरान इस प्रतीकात्मक शव यात्रा का आयोजन किया गया था। प्रदर्शनकारियों ने गौवंशों की कथित मौत के लिए शासन-प्रशासन पर संवेदनहीनता और लापरवाही का आरोप लगाते हुए मंत्री दयालदास बघेल, पशुपालन मंत्री रामविचार नेताम और गौ सेवा आयोग के अध्यक्ष विशेश्वर पटेल को जिम्मेदार ठहराया।
मामला क्या है?
जिला युवा कांग्रेस महासचिव दीपक दिनकर पिछले कई दिनों से गौवंशों की मौत के मुद्दे पर अनशन पर बैठे हुए थे। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने तीन प्रतीकात्मक शवों का अंतिम संस्कार भी किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
इस घटना पर खाद्य मंत्री दयालदास बघेल के बेटे एवं जिला पंचायत सदस्य अंजय उर्फ अंजू बघेल ने चंदनू थाना में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में आरोप लगाया गया कि जीवित व्यक्ति को मृत घोषित कर शोक सभा आयोजित की गई, शोक पत्र छपवाए गए और प्रतीकात्मक शव यात्रा निकालकर परिवार की भावनाओं को ठेस पहुंचाई गई। साथ ही मुख्य मार्ग को अवरुद्ध कर यातायात बाधित किया गया।
पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत कुल 17 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। इनमें शामिल प्रमुख नाम हैं:
विधायक देवेंद्र यादव
पूर्व विधायक गुरुदयाल सिंह बंजारे
दीपक दिनकर
आरिफ भाटिया, प्रांजल तिवारी, सतीश मारकंडे, अंजलि मारकंडे, देवेंद्र साहू, अरमान साहू और अन्य।
देवेंद्र यादव का बयान
FIR दर्ज होने के बाद कांग्रेस विधायक देवेंद्र यादव ने कहा, “ये लोग ताकतवर हैं। इसलिए जो भी इनके खिलाफ आवाज उठाता है, उसके खिलाफ तुरंत FIR कर दी जाती है। लेकिन हम डरने वालों में से नहीं हैं।”
यह मामला अब राजनीतिक विवाद के साथ-साथ कानूनी रूप भी ले चुका है। विपक्षी कांग्रेस गौवंशों की मौत को लेकर लगातार सरकार पर हमला बोल रही है, जबकि सत्ताधारी पक्ष इसे राजनीतिक साजिश बता रहा है।






