
*कोरबा, 8 अप्रैल 2026: कोरबा जिला न्यायालय में जिला अधिवक्ता संघ (District Bar Association) के सत्र 2026-28 के चुनाव की सरगर्मियां चरम पर पहुंच गई हैं। नामांकन सूची जारी होने के बाद अब यह साफ हो गया है कि अध्यक्ष पद के लिए चौतरफा और बेहद कांटेदार मुकाबला होने वाला है। कोर्ट परिसर में मुकदमों की चर्चा फिलहाल ठंडी पड़ गई है और हर तरफ बस एक ही सवाल गूंज रहा है— “वकीलों का ताज आखिर किसके सिर सजेगा?”
813 सदस्यों वाले इस अधिवक्ता संघ में अध्यक्ष पद पर कब्जा करने के लिए चार धुरंधर उम्मीदवार मैदान में हैं:
- शिव नारायण सोनी
- गणेश कुलदीप
- संजय जायसवाल
- राकेश दुबे
ये सभी उम्मीदवार अनुभवी वकील हैं और पिछले कई वर्षों से संघ की गतिविधियों में सक्रिय रहे हैं। चार मजबूत प्रत्याशियों के कारण चुनाव चतुष्कोणीय हो गया है, जिससे वोटों का बिखराव लगभग तय माना जा रहा है। जानकारों का मानना है कि अंतिम समय में तटस्थ मतदाताओं को अपने पक्ष में लाने वाला उम्मीदवार ही बाजी मार सकेगा।
निर्विरोध पद और किंगमेकर की भूमिका
इस बार कुछ अन्य पदों पर निर्विरोध निर्वाचन हो चुका है। इन निर्विरोध चुने गए उम्मीदवार अब ‘किंगमेकर’ की भूमिका में सक्रिय नजर आ रहे हैं। वे अलग-अलग खेमों में पैठ बनाने की कोशिश कर रहे हैं, जिससे पुराने समीकरण पूरी तरह बिगड़ते दिख रहे हैं। परदे के पीछे गठबंधन और रणनीतियां जोरों पर हैं।
कोर्ट परिसर की लाइब्रेरी से लेकर कैंटीन और वकीलों के चैंबरों तक हर जगह चुनावी चर्चा छाई हुई है। समर्थक अपने उम्मीदवार की पिछली उपलब्धियां गिनाते नजर आ रहे हैं, तो कुछ युवा नेतृत्व और परिवर्तन के नारे पर वोट मांग रहे हैं। देर शाम तक संपर्क और आशीर्वाद लेने का दौर चलता रहता है।
जानकारों का अनुमान है कि इस बार चुनावी नतीजे बहुत करीबी रहने वाले हैं। जो उम्मीदवार अधिवक्ताओं के मान-सम्मान, संघ की बेहतरी और ठोस कार्ययोजना पेश कर पाएगा, उसी की झोली में जीत जाएगी।
कोरबा बार एसोसिएशन का यह चुनाव वकीलों की एकजुटता और संघ की भावी दिशा तय करने के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मतदान की तारीख नजदीक आने के साथ ही रोमांच और बढ़ता जा रहा है।






