
रायपुर। मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कानूनी कार्रवाई करते हुए विशेष एनडीपीएस न्यायालय ने 53 किलोग्राम गांजा तस्करी के मामले में दो आरोपियों को दोषी करार दिया है। न्यायालय ने दोनों दोषियों को 10-10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही प्रत्येक पर 1-1 लाख रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। जुर्माना अदा नहीं करने की स्थिति में उन्हें अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों, गवाहों के बयान तथा विवेचना के दौरान एकत्र किए गए दस्तावेजों के आधार पर न्यायालय ने दोनों आरोपियों को एनडीपीएस अधिनियम के तहत दोषी माना। कोर्ट ने अपने फैसले में स्पष्ट किया कि मादक पदार्थों की तस्करी समाज के लिए गंभीर अपराध है और ऐसे मामलों में कठोर दंड आवश्यक है।
इस फैसले को नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त लोगों के लिए कड़ा संदेश माना जा रहा है। कानून प्रवर्तन एजेंसियों का कहना है कि मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और ऐसे अपराधों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।







