Responsive Menu

Download App from

Download App

Follow us on

Donate Us

मनरेगा नाम बदलाव पर तीखा विरोध: सांसद ज्योत्सना महंत ने कहा – राष्ट्रपिता महात्मा गांधी का अपमान!

Author Image
Written by
डी.के. सरजाल

 

कोरबा, 28 दिसंबर 2025: केंद्र सरकार द्वारा महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (MGNREGA) को नए कानून से बदलकर विकसित भारत – गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी VB-G RAM G बिल, 2025 बनाने के फैसले के खिलाफ कांग्रेस का आक्रोश चरम पर पहुंच गया है। इस कदम को कांग्रेस राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम का अपमान बता रही है।

Advertisement Box

कोरबा जिले के कटघोरा विधानसभा क्षेत्र के ग्राम जवाली में रविवार को जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण द्वारा एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन का आयोजन किया गया, जिसमें कोरबा सांसद ज्योत्सना चरणदास महंत ने नेतृत्व किया। सांसद ने जोरदार तरीके से कहा,

“देश को आजादी दिलाने वाले राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर कांग्रेस ने ग्रामीणों, किसानों और महिलाओं को रोजगार की गारंटी दी थी। भाजपा ने मनरेगा से उनका नाम हटाकर राष्ट्रपिता का अपमान किया है। यह सिर्फ नाम बदलना नहीं, बल्कि कांग्रेस की विरासत और गरीबों के हक को मिटाने की साजिश है।”

कांग्रेस का तर्क: मोदी की गारंटी vs गांधी की गारंटी

सांसद महंत ने आगे कहा कि कांग्रेस ने सोनिया गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के नेतृत्व में मनरेगा को कानून बनाकर रोजगार का मौलिक हक दिया था, जबकि भाजपा मोदी की गारंटी के नाम पर योजनाओं को चलाती है। उन्होंने आशंका जताई कि नाम बदलने के बाद आने वाले समय में योजना को पूरी तरह बंद भी किया जा सकता है।

CWC के फैसले पर त्वरित अमल

शनिवार को नई दिल्ली में कांग्रेस वर्किंग कमेटी (CWC) की बैठक में मनरेगा नाम बदलाव के विरोध में सड़क पर उतरकर प्रदर्शन करने का फैसला लिया गया था। सांसद ज्योत्सना महंत ने इस फैसले पर तुरंत अमल करते हुए रविवार को ही धरना दिया।

धरने में मौजूद प्रमुख नेता

प्रदर्शन में पीसीसी संयुक्त महामंत्री हरीश परसाई, पूर्व विधायक पुरुषोत्तम कंवर, जिला अध्यक्ष मनोज चौहान, पोषक दास महंत, तनवीर अहमद, गोरेलाल यादव, दिलीप सिंह, किरण चौरसिया, तारकेश्वर मिश्रा, विशाल शुक्ला, प्रदीप अग्रवाल सहित सरपंच दिलेश कंवर, जनपद सदस्य कमल बेलदार, फूलचंद कश्यप, सूरज दास मानिकपुरी, हीरालाल यादव, भुवनेश्वरी दास, मुन्ना पाठक, भरत मिश्रा, राजकुमार मिश्रा, रहमान खान, निक्कू कुकरेजा, राकेश अग्रवाल, गुलशन जायसवाल, देवेंद्र खरे, राजकुमार श्रीवास, मानसिंह और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

धारने मे उमड़ा जन-सैलब

देशभर में कांग्रेस कार्यकर्ता इसी मुद्दे पर प्रदर्शन कर रहे हैं। कोरबा में सांसद ज्योत्सना महंत का यह धरना पार्टी के राष्ट्रव्यापी आंदोलन का हिस्सा है।

#मनरेगा_बचाओ #राष्ट्रपिता_का_अपमान

कोरबा / ग्राम पंचायत डोंगरी तिलवारी पारा आधिकारिक सूचना – तीन दिवसीय ओपन कबड्डी प्रतियोगिता
आज फोकस में

कोरबा / ग्राम पंचायत डोंगरी तिलवारी पारा आधिकारिक सूचना – तीन दिवसीय ओपन कबड्डी प्रतियोगिता

कोरबा में धान खरीदी का काला सच: टोकन के चक्कर में किसान ने की आत्महत्या की कोशिश, सिस्टम की लापरवाही जिम्मेदार
आज फोकस में

कोरबा में धान खरीदी का काला सच: टोकन के चक्कर में किसान ने की आत्महत्या की कोशिश, सिस्टम की लापरवाही जिम्मेदार

KORBA BREAK:पटवारी कामिनी निलंबित, तहसीलदार को कारण बताओ नोटिस
आज फोकस में

KORBA BREAK:पटवारी कामिनी निलंबित, तहसीलदार को कारण बताओ नोटिस

कोरबा कलेक्टर का कुपोषण पर युद्ध: आंगनबाड़ी से शत-प्रतिशत योजनाएं, एनआरसी में गंभीर बच्चों को अनिवार्य भर्ती के सख्त निर्देश
आज फोकस में

कोरबा कलेक्टर का कुपोषण पर युद्ध: आंगनबाड़ी से शत-प्रतिशत योजनाएं, एनआरसी में गंभीर बच्चों को अनिवार्य भर्ती के सख्त निर्देश

कोरबा के मेरे प्यारे भाइयों-बहनों, मित्रों और कोरबावासियों को छेरछेरा पर्व की हार्दिक बधाई एवं ढेर सारी शुभकामनाएं! 🌾✨
आज फोकस में

कोरबा के मेरे प्यारे भाइयों-बहनों, मित्रों और कोरबावासियों को छेरछेरा पर्व की हार्दिक बधाई एवं ढेर सारी शुभकामनाएं! 🌾✨

कोरबा में 3 जनवरी 2026 को आदिवासी इतिहास की नई ललकार! माता सावित्रीबाई फुले और मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की जयंती पर एक दिवसीय कार्यशाला
आज फोकस में

कोरबा में 3 जनवरी 2026 को आदिवासी इतिहास की नई ललकार! माता सावित्रीबाई फुले और मरांग गोमके जयपाल सिंह मुंडा की जयंती पर एक दिवसीय कार्यशाला

आज का राशिफल

वोट करें

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एपल प्रमुख टिम कुक से आईफोन का निर्माण भारत में न करने को कहा है। क्या इसका असर देश के स्मार्टफोन उद्योग पर पड़ सकता है?

मंगलवार, 20 जनवरी 2026

आज का सुविचार

प्रशंसा से पिघलना मत और आलोचना से उबलना मत। निंदा उसी की होती है जो जिन्दा है, मरी हुई चीजों की तो अक्सर सिर्फ तारीफ ही होती है। सही समालोचना को स्वीकारें और आगे बढ़ें।

Advertisement Box

और भी पढ़ें

WhatsApp